सुंदर और स्मार्ट बनना चाहते हैं तो नाश्ते में शामिल करें स्प्राउट्स

नाश्ते में स्प्राउट्स

हेल्दी और झटपट नाश्ते में अंकुरित यानी स्प्राउट्स का कोई जवाब नहीं। अंकुरित अनाज एक शुद्ध और स्वस्थ नाश्ता है। यह रोग-प्रतिरोधी क्षमता विकसित कर कई रोगों से भी बचाता है। प्राकृतिक चिकित्सा विज्ञान में इसे दवा का दर्जा दिया गया है।

नाश्ते में स्प्राउट्स खाने के ये हैं फायदें, डालिए एक नज़र

विटामिन्स का भंडार : विटामिन ए, सी, बी-6 और ‘के’ के साथ-साथ इसमें कई तरह के मिनरल्स जैसे मैग्नीशियम, फॉस्फोरस, कैल्शियम, मैंगनीज और पोटैशियम भी होते हैं।

एंटी-ऑक्सीडेंट्स : अंकुरित अनाजों में एंटी-ऑक्सीडेंट्स भी होते हैं। इसलिए इसके सेवन से ना सिर्फ झुर्रियां दूर रहती हैं, बल्कि त्वचा पर नेचुरल ग्लो भी आता है। इसके अलावा स्प्राउट्स में डाइटरी फाइबर, प्रोटीन आयरन, ओमेगा-3 फैटी एसिड जैसे पौष्टिक तत्‍व भी होते हैं। इस कारण यह शाकाहारी लोगों के लिए सबसे अच्छा विकल्प भी है।



हमसे फेसबुक पर भी जुड़ें!




हाजमा ठीक रखता है : यह हाजमे के लिए जरूरी एन्जाइम का अच्छा स्रोत भी है।  कैलोरी की मात्रा कम होने के कारण यह वजन कम करने वाले लोगों के लिए अच्छा विकल्प है।

दिल को रखे फिट : सोडियम की अधिक मात्रा अक्सर हृदय और रक्तचाप से जुड़ी समस्याएं पैदा करती हैं। स्प्राउट्स में सोडियम नहीं होता, जिससे रक्तचाप का स्तर नियंत्रण में रहता है और शरीर उच्च रक्तचाप के स्तर को कम करता है। हाइपरटेंशन और हृदय से जुड़ी अन्य समस्याओं से भी दूर रखता है।

स्प्राउट्स में क्या लें

वैसे तो ज्यादातर लोग अंकुरित मूंग को ही प्राथ्‍ामिकता देते हैं। लेकिन आप मूंग के अलावा मटर, चना, मूंगफली, राजमा, सोयाबीन, गेहूं, जैसे अनाज को भी अंकुरित रूप में ले सकती हैं।

स्प्राउट्स क्यों है बेहतर

विशेषज्ञों की मानें तो कच्चे फल और सब्जियों से 100 गुना ज्यादा एन्जाइम्स अनाज को अंकुरित करने पर होते हैं। एन्जाइम्स वे प्रोटीन होते हैं, जो शरीर को सही तरह से कार्य करने के लिए जरूरी होते हैं। अनाज को भिगोने और अंकुरण की प्रक्रिया के दौरान उनमें मौजूद प्रोटीन की गुणवत्ता बढ़ जाती है।

अंकुरण पर फाइबर की मात्रा तुरंत बढ़ जाती है : अनाज को अंकुरित करने से विटामिन बी, विटामिन बी कॉम्प्लेक्स, विटामिन सी और विटामिन ई की मात्रा लगभग 20 गुना ज्यादा बढ़ जाती है। रिसर्च के मुताबिक अंकुरण की प्रक्रिया के दौरान मूंग या बीन्स में विटामिन बी1 की मात्रा 285 फीसदी, विटामिन बी 2 की मात्रा 515 तक बढम् जाती है और नीयासिन की 256 फीसदी तक बढ़ जाती है। एशेनशियल फैट अक्सर हमारी डाइट का हिस्सा नहीं होते। स्प्राउट्स इस फैट के अच्छे स्रेत हैं।

अंकुरण का तरीका

अनाज को रात भर पानी में भिगोने के बाद सुबह किसी साफ कपड़े में बांध दें या फिर किसी जार में रख दें। दिन में दो बार साफ पानी छिड़कें।

इन बातों का ध्यान रखें

  • खाने से पहले स्प्राउट्स को जरूर धो लें। इससे किसी तरह का फंगस या पेस्टीसाइड के कण होंगे तो धुल जाएंगे।
  • आग पर पकाने, भूनने या तलने से स्प्राउट्स का पोषण नष्ट होता है। अगर पका कर ही खाना पसंद करते हैं तो भाप पर पका कर खाएं। भाप पर पकाने के लिए उबलते पानी में अंकुरित अनाज डाल कर ढक दें। दो मिनट पकाने के बाद बर्तन से ढक्कन हटा दें। फिर से 15 मिनट के लिए ढक कर पकाएं। मुलायम होने तक पकाएं।
  • सलाद के रूप में खाने से स्प्राउट्स के गुण कई गुना बढ़ जाते हैं। टमाटर, ब्रोकली, प्याज, मूली और खीरे के साथ खाया जाए तो स्प्राउट्स का स्वाद और पोषण बढ़ता है।
  • अगर आप बाजार से खुले अंकुरित अनाज खरीदते हैं तो जांच कर लें।

loading...
loading...
=>

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*